क्‍या आपका बच्‍चा भी करता है बेहद गुस्‍सा, कहीं यह कमी तो नहीं

angry child

हाल ही में एक रिसर्च से इस बात की पुष्टि हुई है कि विटामिन डी की कमी से छोटे बच्‍चों में चिड़चिड़ेपन की समस्‍या हो सकती है। आजकल बच्‍चों  में चिड़चिड़ापन और गुस्‍सा आम बात हो गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि जिन बच्‍चों में स्‍कूली शिक्षा के दौरान विटामिन डी की कमी होती है उनमें बिहेवियर प्रॉब्‍लम और चिड़चिड़ेपन की समस्‍या अधिक देखी जा रही है। इस बात को अभिभावक गंभीरता से नहीं लेते।

बच्‍चों पर पढ़ाई का प्रेशर और कॉम्‍पटीशन की भावना बच्‍चों के व्‍यवहार में काफी बदलाव आ रहे हैं। ऐसे में बच्‍चे सही तरीके से खाते नहीं हैं जिससे उनके शरीर में विटामिन और जरूरी प्रोषक तत्‍वों की कमी हो रही है। विटामिन डी की कमी को दूर करने के लिए जरूरी है बच्‍चों के खाने में सभी प्रकार के विटामिन और मिनिरल को शामिल करें। यह कुछ सुपरफूड हैं जिनसे विटामिन डी प्राप्‍त कर सकते हैं।

आपको बता दें कि विटामिन डी का सबसे अच्‍छा प्राकृतिक स्‍त्रोत सूरज की किरणें हैं लेकिन समय की कमी और प्रदूषण की वजह से बच्‍चों को घर के बाहर खेलना नसीब नहीं हो पाता। इसलिए शरीर में विटामिन डी की कमी हो रही है। इसके अलावा बच्‍चे जंक फूड, रेडी टू ईट फूड और डि्ंक्‍स की लत भी विटामिन डी कमी हो जाती है।

यह हैं विटामिन डी से भरपूर सुपर फूड बच्‍चों को खाने में सभी तरह की सब्जियां, फल, दालें और अनाज देने चाहिए। आपको बता दें कि विटामिन डी का सबसे बड़ा और अच्‍छा स्‍त्रोत दूध है। बच्‍चों को रात में सोते वक्‍त दूध जरूर पीना चाहिए। दूध के साथ ही योगर्ट भी विटामिन डी की कमी हो दूर करने में मदद करता है। खाने में बच्‍चों को मशरूम देना चाहिए इसमें काफी मात्रा में विटामिन डी होता है।

डेयरी प्रोडक्‍ट में बच्‍चों को पनीर और चीज दे सकते हैं। जो बच्‍चे नॉनवेज पसंद करते हैं उन्‍हें अंडे का पीला भाग, मछली और चिकन देना चाहिए। इसके अलावा विटामिन सी युक्‍त संतरे का जूस भी फायदेमंद होता है। यदि इन चीजों को प्रतिदिन अपने लंड या डिनर में शामिल करेंगे तो जल्‍द ही कई समस्‍याओं से निजात मिल जाएगी।