अधिकमास में राशि अनुसार करें दान, पूरे परिवार का होगा कल्‍याण

adhikmass daan

अधिक मास शुरू हो चुका है। इसे अधिमास, पुरुषोत्तम मास और मलमास भी कहा जाता है। इस दौरान परंपरा है कि अगर लोग जरूरतमंद लोगों को धन और अनाज का दान करें तो शुभ होता है। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार इस मास में दान-पुण्य का अत्याधिक महत्व है। इस दौरान दान करने का पुण्य केवल व्यक्ति को ही नहीं बल्कि पूरे परिवार को मिलता है।

दान के समय इन बातों का रखें ख्याल

अधिक मास में व्रत, उपवास, पूजा और दान करने का अत्याधिक महत्व है। अपनी सामर्थ्य के अनुसार व्यक्ति दान कर सकता है। यह भी ध्यान रखें कि रात को दान नहीं करना चाहिए। कुछ स्थितियों में रात को दान किया जा सकता है जैसे यज्ञ, विवाह, संक्रांति, चंद्र या सूर्य ग्रहण के समय।

अगर इस महीने राशि के मुताबिक दान किया जाए तो इससे कुंडली में मौजूद ग्रह दोषों को शांत किया जा सकता है। आइए जानते हैं किस राशि के जातक को क्या दान करना चाहिए।

मेष- चांदी, मूंगा, लाल कपड़े, अनार, मालपुए, घी, केले, सोना, तांबा और गेंहू

वृषभ- मोती, वाहन, सफेद वस्त्र, मालपुए, मावा, चांदी, सोना, शकर, गाय, हीरा, चावल, केले

मिथुन- कंगन, सिंदूर, साड़ी, मूर्ति के लिए छत्र, पन्ना, मूंग की दाल, सोना, तेल, केले, सेवफल, मालपुए, कांसे के बर्तन

कर्क- मावा, दूध, शकर, मालपुए,चावल, मोती, चांदी, सफेद कपड़े, किसी प्याऊ में मटके, तेल, सोना, गाय

सिंह- धार्मिक पुस्तकें, लाल कपड़े, सोना, चांदी, तांबा, पीतल, गेंहू, अनार, सेवफल, मसूर, माणिक्य

कन्या- तेल, केले, सेवफल, मूंग की दाल, सोना, छत्र, गौशाला में धन और घास

तुला- शकर, सफेद कपड़े, चावल, केले, मालपुए और मावा

वृश्चिक- मौसमी फल, अनार, घी, मूंगा, गेंहू, लाल कपड़े, तांबा

धनु- लकड़ी के सामान, पीले कपड़े, तिल, अनाज, दूध, चने की दाल, घी,

मकर और कुंभ राशि- तेल, दवाइयां, केले, औजार, नीले कपड़े, लोहा, मौसमी फल

मीन- चने की दाल, घी, दूध, पीले कपड़े और दूध से बनी मिठाई, शिक्षा